शनि संकट इंसान पर किसी न किसी तरह आता ही रहता है। प्रणियों को शनिदेव का प्रकोप ढ़ैया, साढ़ेसाती या महादशा के रूप में सर्व विदित है लेकिन...
धर्म-ज्योतिष

जानें क्यों शनि संकट पर हनुमान की भक्ति भारी है

शनि संकट इंसान पर किसी न किसी तरह आता ही रहता है। प्रणियों को शनिदेव का प्रकोप ढ़ैया, साढ़ेसाती या महादशा के रूप में सर्व विदित है लेकिन शनि की खास कृपा उन भक्तों पर देखी गई है, जो हनुमानजी के अनुरागी हैं। कहने का तात्पर्य यह है कि जो भी भक्त हनुमानजी की भक्ति […]

रथ पर निकलते हैं भगवान जग्गनाथ । भारत के चार दिशाओं में चार धाम अवस्थित हैं और इसकी अपनी महत्ता है। चार धाम में पहला धाम भारत के उत्तर मे...
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भारत के चार दिशाओं में है चार धाम, रथ पर निकलते हैं भगवान जग्गनाथ

रथ पर निकलते हैं भगवान जग्गनाथ । भारत के चार दिशाओं में चार धाम अवस्थित हैं और इसकी अपनी महत्ता है। चार धाम में पहला धाम भारत के उत्तर में (उत्तराखंड में) अवस्थित है बद्रीनाथ, दूसरा धाम भारत के दक्षिण में (तमिलनाडू में) अवस्थित है रामेश्वरम, तीसरा धाम भारत के पूर्व में (उड़ीसा में) अवस्थित […]

Gupt Navratri 2022:   मां दुर्गा शक्ति की उपासना का पर्व गुप्त नवरात्रि इस बार 30 जून 2022 से हो रही है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार इस न...
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Gupt Navratri 2022 : 30 जून को शुरू होगी गुप्त नवरात्रि, जानें शुभ मुहूर्त और पूजन विधि

Gupt Navratri 2022:   मां दुर्गा शक्ति की उपासना का पर्व गुप्त नवरात्रि इस बार 30 जून 2022 से हो रही है। पौराणिक मान्यताओं के अनुसार इस नवरात्रि के दौरान अन्य नवरात्रि की तरह ही पूजन करने का विधान है। इन दिनों भी 9 दिन के उपवास का संकल्प लेते हुए प्रतिपदा यानी पहले दिन घटस्थापना […]

बिहार की राजधानी पटना में स्थित पटन देवी मंदिर शक्ति और उपासना का प्रमुख केंद्र माना जाता है। देवी भागवत और तंत्र चूड़ामणि के अनुसार, स...
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नगर रक्षिणी देवी है पटना की पटनेश्वरी पटन देवी

पटना, अनमोल कुमार। बिहार की राजधानी पटना में स्थित पटन देवी मंदिर शक्ति और उपासना का प्रमुख केंद्र माना जाता है। देवी भागवत और तंत्र चूड़ामणि के अनुसार, सती की दाहिनी जांघ यहीं गिरी थी। नवरात्र के दौरान यहां काफी भीड़ उमड़ती है। सती के 51 शक्तिपीठों में प्रमुख इस उपासना स्थल में माता की […]

इस लेख में विस्पतार से जानें निर्जला एकादशी के बारे में। द्मपुराण में एक प्रसंग है। जब भगवान वाराह और हिरण्याक्ष का युद्ध हो रहा था, भगवान
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जानें क्यों और कब करें निर्जला एकादशी ?

इस लेख में विस्पतार से जानें निर्जला एकादशी के बारे में। द्मपुराण में एक प्रसंग है। जब भगवान वाराह और हिरण्याक्ष का युद्ध हो रहा था, भगवान नारायण के बार बार कोशिश करने पर भी जब हिरण्याक्ष नहीं मर रहा था, तब भगवान ब्रह्मा जी ने भगवान नारायण से पूछा- हे प्रभु यह असुर तो […]

यंत्र-तंत्र और मंत्र का विज्ञान भी रोगों के इलाज में होता है कारगर। आधुनिक चिकित्सा विज्ञान ने चाहे जितनी प्रगति कर ली हो, पर बीमारियों पर ...
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यंत्र-तंत्र और मंत्र से भी ठीक हो जाती हैं लाइलाज बीमारियां

यंत्र-तंत्र और मंत्र का विज्ञान भी रोगों के इलाज में होता है कारगर। आधुनिक चिकित्सा विज्ञान ने चाहे जितनी प्रगति कर ली हो, पर बीमारियों पर नियंत्रण का उसका सपना आज तक अधूरा ही है। आंकड़े तो यहां तक बयान करते हैं, कि दवाओं के अनुपात में-रोगों की वृद्धि अधिक तेजी से हो रही है। […]

मन्त्र महिमा : "मनने जायते इति मंत्रम"-मनन के द्वारा जो हमारी रक्षा करे वह मन्त्र है । स्वयं ही उच्चारित करना है और मनन करना है। तैत्तरीय उ...
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मन्त्र महिमा : जानें मंत्र शास्त्र क्या है और कैसे होता है इसका उच्चारण  

मन्त्र महिमा : “मनने जायते इति मंत्रम”-मनन के द्वारा जो हमारी रक्षा करे वह मन्त्र है । स्वयं ही उच्चारित करना है और मनन करना है। तैत्तरीय उपनिषद के अनुसार मन्त्रों का उच्चारण शिक्षा के नियमानुसार होना चाहिए। स्वर वर्णों का स्पर्श उच्चारण और व्यंजन वर्णों का स्पष्ट उच्चारण करना चाहिए। किस वर्ण का उच्चारण […]

मंत्र क्या है ? मंत्र ज्ञान या विज्ञान एक गूढ़ ज्ञान है। सद्गुरु की कृपा से एवं मन को एकाग्र कर इसे प्राप्त किया जा सकता है। जब कोई साधक...
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मंत्र रहस्य : जानें मंत्र क्या है और इसके कितने प्रकार होते हैं

मंत्र क्या है ? मंत्र ज्ञान या विज्ञान एक गूढ़ ज्ञान है। सद्गुरु की कृपा से एवं मन को एकाग्र कर इसे प्राप्त किया जा सकता है। जब कोई साधक इसे साध लेता है, जान लेता है, तब यह साधक की सभी मनोकामनाओं को पूरा करता है।मंत्रागम के अनुसार दैवी शक्तियों का गूढ़ रहस्य मंत्र […]

मंत्ररहस्य : मंत्रों का एक एक अलग विज्ञान है। इसका अपना अलग शास्त्र और व्याकरण है।  इन्हीं व्यकरण के अनुसार लिंगों के आधार पर मंत्रों के त...
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मंत्ररहस्य : जानें मंत्रों के व्याकरण को और कैसे काम करता है मंत्र

मंत्ररहस्य : मंत्रों का एक एक अलग विज्ञान है। इसका अपना अलग शास्त्र और व्याकरण है।  इन्हीं व्यकरण के अनुसार लिंगों के आधार पर मंत्रों के तीन भेद बताए गए हैं।पहला है पुलिंग-जिन मंत्रों के अंत में हूं या फट लगा होता है।वह पुलिंग मंत्र माना गया है। दूसरा है स्त्रीलिंग- जिन मंत्रों के अंत […]

मंत्ररहस्य : ऊर्जा अविनाशिता के नियमानुसार ऊर्जा कभी भी नष्ट नहीं होती है, वरन् एक रूप से दूसरे रूप में परिवर्तित होती रहती है। अतः जब हम...
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मंत्ररहस्य : जानें बीजमंत्रों का क्या है रहस्य

मंत्ररहस्य : ऊर्जा अविनाशिता के नियमानुसार ऊर्जा कभी भी नष्ट नहीं होती है, वरन् एक रूप से दूसरे रूप में परिवर्तित होती रहती है। अतः जब हम मंत्रों का उच्चारण करते हैं, तो उससे उत्पन्न ध्वनि एक ऊर्जा के रूप में ब्रह्मांड में प्रेषित होकर जब उसी प्रकार की ऊर्जा से संयोग करती है तब […]